कांशीराम के परिनिर्वाण दिवस पर लखनऊ में जुटे बसपा कार्यकर्ता, मायावती ने दोहराई भारत रत्न की मांग

Demise of BSP founder Kanshi Ram

लखनऊ : बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के संस्थापक कांशीराम के परिनिर्वाण दिवस पर शुक्रवार को लखनऊ में श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किए गए। बसपा प्रमुख मायावती ने अपने आवास पर कांशीराम की तस्वीर और प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। इस दौरान प्रदेशभर से बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता पहुंचे। मायावती के साथ उनके भतीजे और पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक आकाश आनंद भी मौजूद रहे।

Demise of BSP founder Kanshi Ram

आकाश आनंद ने छुए मायावती के पैर

कार्यक्रम के दौरान आकाश आनंद का मायावती के प्रति सम्मान चर्चा में रहा। समर्थकों के सामने अभिवादन स्वीकार करने पहुंचीं मायावती के पैर आकाश आनंद ने छुए। इसके बाद वह करीब 30 सेकंड तक झुके रहे। मायावती ने उन्हें आशीर्वाद दिया और पीठ थपथपाकर उठाया।

पार्टी में दोबारा सक्रिय भूमिका मिलने और राष्ट्रीय संयोजक का पद संभालने के बाद आकाश आनंद की मौजूदगी को अहम माना जा रहा है। कार्यक्रम में समर्थकों ने मायावती और कांशीराम के समर्थन में नारे लगाए। मायावती ने भी कार्यकर्ताओं का अभिवादन स्वीकार किया।

आनंद कुमार और ईशान आनंद नहीं आए नजर

कार्यक्रम में मायावती के भाई और बसपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष आनंद कुमार तथा ईशान आनंद की गैरमौजूदगी भी चर्चा का विषय बनी रही। दोनों पहले पार्टी की कई बैठकों में नजर आते रहे हैं। ऐसे में उनकी अनुपस्थिति को लेकर सियासी गलियारों में अटकलें शुरू हो गईं। हालांकि, उनकी गैरमौजूदगी का कारण स्पष्ट नहीं हुआ है और इसे किसी नाराजगी से जोड़ने की आधिकारिक पुष्टि नहीं है।

बसपा के राष्ट्रीय महासचिव सतीश चंद्र मिश्रा और प्रदेश अध्यक्ष विश्वनाथ पाल ने भी कांशीराम की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित किए। इसके बाद पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने श्रद्धांजलि दी।

कांशीराम को भारत रत्न देने की मांग

मायावती ने कांशीराम को भारत रत्न देने की मांग दोहराते हुए कहा कि बसपा संस्थापक को यह सम्मान मिलना चाहिए। उन्होंने कार्यकर्ताओं से पार्टी को मजबूत बनाने की अपील की, ताकि सरकारों पर इस मांग को स्वीकार करने का दबाव बनाया जा सके।

मायावती ने डॉ. भीमराव आंबेडकर को भारत रत्न दिए जाने में हुई देरी को लेकर कांग्रेस की आलोचना भी की। उन्होंने कहा कि आंबेडकर को वीपी सिंह सरकार के कार्यकाल में यह सम्मान मिला, जबकि कांशीराम को अब तक भारत रत्न नहीं दिया गया है।

तीन राज्यों में संगठन मजबूत करने पर जोर

मायावती ने केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार से शिक्षा, रोजगार, सड़क और स्वास्थ्य जैसी बुनियादी सुविधाओं पर ध्यान देने की अपील की। साथ ही कार्यकर्ताओं से उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और पंजाब में बसपा को मजबूत करने का आह्वान किया।

बसपा प्रदेश अध्यक्ष विश्वनाथ पाल के मुताबिक, कांशीराम को श्रद्धांजलि देने के लिए प्रदेशभर से कार्यकर्ता लखनऊ पहुंचे। वहीं, आलमबाग स्थित कांशीराम सामाजिक परिवर्तन स्थल पर भी कार्यक्रम आयोजित किया गया। परिनिर्वाण दिवस पर श्रद्धांजलि के साथ पार्टी को मजबूत करने और कांशीराम को भारत रत्न देने की मांग प्रमुख मुद्दे रहे।

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