देहरादून/हरिद्वार : उत्तराखंड में एक बार फिर बम की धमकी से सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं। इस बार, धमकी सिर्फ सरकारी दफ्तरों तक ही सीमित नहीं थी, बल्कि इसमें बड़े धार्मिक स्थलों, नगर निगमों, पर्यटन स्थलों और पुलिस स्टेशनों को भी निशाना बनाया गया है। धमकी के बाद पुलिस, खुफिया एजेंसियों और साइबर सेल को पूरी तरह अलर्ट कर दिया गया है। केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, हरिद्वार नगर निगम और मसूरी नगर पालिका को ईमेल के जरिए बम की धमकी भेजी गई थी। ईमेल में हरिद्वार नगर निगम के अलावा ऋषिकेश, केदारनाथ धाम, बद्रीनाथ धाम और उत्तराखंड की दूसरी अहम जगहों का भी जिक्र है। भेजने वाले ने खुद को खालिस्तान से जुड़ा बताया और बदले की कार्रवाई की धमकी दी। इस धमकी के बाद संबंधित दफ्तरों और संवेदनशील जगहों पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है।
हरिद्वार नगर आयुक्त नंदन कुमार ने बताया कि धमकी भरा ईमेल मिलते ही पुलिस को सूचित कर दिया गया था। इसके बाद पुलिस और इंटेलिजेंस डिपार्टमेंट ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि अभी हर पहलू की जांच की जा रही है और ईमेल भेजने वाले की पहचान करने की कोशिश की जा रही है।
इस बीच, उत्तराखंड के सभी पुलिस स्टेशनों को भी सोशल मीडिया के ज़रिए बम की धमकी मिली है। सिटी थाने में तैनात सब-इंस्पेक्टर रवि प्रसाद कवि की शिकायत के आधार पर एक अनजान व्यक्ति के खिलाफ गंभीर धाराओं में केस दर्ज किया गया है। शिकायत के मुताबिक, 22 जून को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एक पोस्ट वायरल हुई थी, जिसमें दावा किया गया था कि “25 जून, 2026 को उत्तराखंड के सभी पुलिस स्टेशनों में धमाके होंगे।” वायरल पोस्ट के बाद पुलिस ने तुरंत जांच शुरू कर दी।
शुरुआती जांच में सोशल मीडिया पोस्ट का लिंक हरियाणा के अंबाला के रहने वाले जसप्रीत सिंह नाम के एक युवक से जुड़ा है। पुलिस का कहना है कि इस मामले में दूसरे लोगों के शामिल होने से भी इनकार नहीं किया जा सकता। जांच में यह भी पता चला है कि धमकी सबसे पहले इंस्टाग्राम पर पोस्ट की गई थी, जिसके बाद इसे X (पहले ट्विटर) और फेसबुक पर भी शेयर किया गया।
SSP प्रमोद डोभाल ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए मसूरी और नगर पुलिस स्टेशन में अलग-अलग केस दर्ज किए गए हैं। संबंधित सोशल मीडिया अकाउंट और ईमेल की टेक्निकली जांच की जा रही है, और जल्द ही दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना दें। फिलहाल, राज्य में सभी संवेदनशील जगहों पर सुरक्षा कड़ी कर दी गई है, और जांच एजेंसियां हर पहलू की अच्छी तरह से जांच कर रही हैं।

