आपको बता दें कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता हर बुधवार को अपने आवास पर ‘जनता सुनवाई’ का आयोजन करती हैं। जहाँ वह सीधे लोगों से मिलती हैं और उनकी समस्याओं का समाधान करती हैं। बुधवार को भी उनके कैम्प कार्यलय में फरियादियों की भारी भीड़ उमड़ी हुई थी। मुख्यमंत्री एक-एक करके लोगों से मिल रही थीं, तभी सुबह करीब साढ़े आठ बजे एक व्यक्ति ने उनकी ओर आने की कोशिश की। उसने कुछ कागज फेंके और उन्हें थप्पड़ मारने की कोशिश की। सीएम कार्यालय पहुँचे प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, उस व्यक्ति ने अचानक मुख्यमंत्री की ओर कुछ कागज फेंके और उन्हें मारने की कोशिश की। हालाँकि, मुख्यमंत्री के सुरक्षाकर्मी तुरंत हरकत में आए और उसे बचा लिया। इस घटना से वहाँ अफरा-तफरी मच गई।
सुरक्षाकर्मियों ने हमलावर को तुरंत पकड़ लिया। उसकी उम्र लगभग 41 वर्ष है। शुरुआती पूछताछ में उसने दावा किया कि वह मुख्यमंत्री से किसी निजी समस्या को लेकर नाराज़ था जिसका समाधान नहीं हो रहा था। पुलिस ने उसे तुरंत हिरासत में ले लिया और आगे की पूछताछ जारी है। इस हमले के बाद, मुख्यमंत्री को तुरंत उनके निजी कक्ष में ले जाया गया। मुख्यमंत्री कार्यालय ने एक आधिकारिक बयान में कहा कि मुख्यमंत्री सुरक्षित हैं और उन्हें कोई चोट नहीं आई है। हालाँकि, डॉक्टरों की एक टीम ने उनकी जाँच की और उन्हें कुछ समय आराम करने की सलाह दी।
इस घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए, दिल्ली सरकार के मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने कहा कि हम मुख्यमंत्री पर हुए हमले की निंदा करते हैं। मुख्यमंत्री हमेशा दिल्ली की जनता की चिंता करती हैं। वह उनके लिए लगातार अच्छे फैसले ले रही हैं। यही बात विरोधियों को हजम नहीं हो रही है। उन्होंने इस मामले की उच्चस्तरीय जाँच की माँग की है। इस घटना के बाद राजनीतिक गलियारों में हलचल मच गई है। प्रदेश भाजपा अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने इस घटना की निंदा की है। कई विपक्षी दलों ने इस हमले की कड़ी निंदा की है और मुख्यमंत्री की सुरक्षा बढ़ाने की मांग की है। वीरेंद्र सचदेवा ने कहा कि उन्होंने मुख्यमंत्री का हाथ पकड़कर उन्हें धक्का देने की कोशिश की। धक्का-मुक्की में उनका सिर मेज से टकरा गया। उन्हें झटका लगा। डॉक्टर इसकी जाँच कर रहे हैं।
दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री आतिशी ने कहा है कि दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता पर हुआ हमला बेहद निंदनीय है। लोकतंत्र में असहमति और विरोध के लिए जगह है, लेकिन हिंसा के लिए कोई जगह नहीं है। उम्मीद है कि दिल्ली पुलिस दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करेगी। उम्मीद है कि मुख्यमंत्री पूरी तरह सुरक्षित हैं। आम आदमी पार्टी के प्रवक्ता अनुराग ढांडा ने प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि हम लोकतांत्रिक व्यवस्था में इस तरह की हिंसा की निंदा करते हैं। दूसरी ओर, दिल्ली कांग्रेस अध्यक्ष देवेंद्र यादव ने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता पर हुए हमले पर कहा, “यह बेहद दुखद है। मुख्यमंत्री पूरी दिल्ली का नेतृत्व करती हैं और मुझे लगता है कि ऐसी घटनाओं की जितनी निंदा हो सके, की जानी चाहिए, लेकिन यह घटना महिला सुरक्षा की हकीकत को भी उजागर करती है। अगर दिल्ली की मुख्यमंत्री सुरक्षित नहीं हैं, तो एक आम आदमी या एक आम महिला कैसे सुरक्षित रह सकती है?”
दिल्ली पुलिस ने भी घटना की जाँच के लिए एक विशेष टीम का गठन किया है। पुलिस आयुक्त ने कहा कि सुरक्षा चूक के कारणों की गहन जाँच की जाएगी और दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने स्वयं एक बयान जारी कर लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है। उन्होंने कहा, हमलावरों को उनके मंसूबे पूरे नहीं करने दिए जाएँगे। जनता की सेवा का मेरा संकल्प अटल है। यह हमला दिल्ली में सार्वजनिक हस्तियों की सुरक्षा पर एक बड़ा सवाल खड़ा करता है। खासकर, जब जनसुनवाई जैसे कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं, जहाँ आम जनता का नेताओं से सीधा संपर्क होता है। यह घटना भविष्य में ऐसे कार्यक्रमों के लिए सुरक्षा प्रोटोकॉल को और मज़बूत करने की आवश्यकता दर्शाती है। पुलिस और ख़ुफ़िया एजेंसियाँ अब इस बात की भी जाँच कर रही हैं कि क्या इस हमले के पीछे कोई बड़ी साज़िश थी। इस घटना ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि सार्वजनिक जीवन में सुरक्षा एक गंभीर चुनौती बनी हुई है।