सहारनपुर : गुरुवार देर रात सहारनपुर पुलिस महकमे में उस समय हड़कंप मच गया जब जम्मू-कश्मीर पुलिस ने आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद का समर्थक होने के शक में एक डॉक्टर के यहां छापेमारी की। श्रीनगर पुलिस ने एक निजी अस्पताल में कार्यरत डॉक्टर डॉ. आदिल को हिरासत में लिया। पुलिस उसी रात आरोपी डॉक्टर को लेकर श्रीनगर के लिए रवाना हो गई। डॉक्टर पर श्रीनगर में आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के पोस्टर लगाने का आरोप है। श्रीनगर पुलिस ने शुरुआत में इस मामले में अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी, लेकिन सीसीटीवी फुटेज के आधार पर डॉक्टर की पहचान होने के बाद यह कार्रवाई की गई।
जानकारी के अनुसार, आरोपी डॉ. आदिल अहमद राथर, पुत्र अब्दुल मजीद निवासी अनंतनाग (जम्मू-कश्मीर) सहारनपुर के अंबाला रोड स्थित एक बड़े अस्पताल में मेडिसिन विशेषज्ञ के पद पर कार्यरत था। कुछ दिन पहले, श्रीनगर के कई इलाकों में जैश-ए-मोहम्मद (JeM) के पोस्टर लगाए गए थे, जिन पर आतंकी संगठन के समर्थन में संदेश लिखे थे। इस घटना के बाद श्रीनगर में तनाव फैल गया और 28 अक्टूबर को पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जाँच शुरू कर दी। जाँच के दौरान, पुलिस ने आस-पास के इलाकों के सीसीटीवी फुटेज की जाँच की और आतंकी संगठन के पोस्टर लगाने वाले आरोपियों की पहचान की।
सीसीटीवी फुटेज में डॉ. आदिल पोस्टर लगाते हुए दिखाई दे रहे हैं। इसके बाद, श्रीनगर पुलिस ने उनके पैतृक गाँव अनंतनाग में उनके परिवार के सदस्यों से पूछताछ की और मोबाइल सर्विलांस के ज़रिए उनकी लोकेशन का पता लगाया। ट्रैकिंग के बाद, पुलिस और सर्विलांस टीम सहारनपुर पहुँची और स्थानीय पुलिस और स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) की मदद से डॉक्टर को अंबाला रोड स्थित एक अस्पताल से गिरफ्तार कर लिया।
एसपी सिटी व्योम बिंदल ने बताया कि जम्मू पुलिस ने गुरुवार को एसएसपी आशीष तिवारी से मुलाकात की और सभी कानूनी औपचारिकताएँ पूरी करने के बाद आरोपी डॉक्टर की तलाश में छापेमारी शुरू कर दी। आरोपी को सदर बाज़ार थाने में पेश किया गया, जहाँ अदालत ने उसे ट्रांजिट रिमांड पर श्रीनगर पुलिस को सौंप दिया। सूत्रों के अनुसार, डॉ. आदिल के खिलाफ सहारनपुर में कोई स्थानीय मामला दर्ज नहीं है। श्रीनगर पुलिस ने उस मामले का नंबर और विवरण साझा किया है जिसमें उन्हें पूछताछ के लिए ले जाया गया था।
एसएसपी आशीष तिवारी ने बताया कि डॉ. आदिल पहले दिल्ली रोड स्थित एक बड़े अस्पताल में काम करते थे, लेकिन कुछ समय बाद उन्होंने अंबाला रोड स्थित एक अस्पताल में काम करना शुरू कर दिया। सूत्रों का यह भी कहना है कि उन्होंने हाल ही में 4 अक्टूबर को उसी इलाके की एक महिला डॉक्टर से शादी की है। इस बीच, स्थानीय पुलिस भी सतर्क है और जम्मू-कश्मीर से आने वाले लोगों की जाँच कर रही है।
जानकारी के अनुसार, जम्मू-कश्मीर के कई डॉक्टर सहारनपुर में प्रैक्टिस करते हैं। एक निजी डॉक्टर के क्लिनिक में जम्मू-कश्मीर के कई लोग काम करते हैं। इसलिए स्थानीय खुफिया विभाग और पुलिस को भी सतर्क कर दिया गया है। प्रसिद्ध अस्पताल के प्रशासनिक अधिकारी डॉ. असलम जैदी ने बताया कि डॉ. आदिल अहमद 1 मार्च को उनके अस्पताल में शामिल हुए थे। आदिल एक मिलनसार और शांत स्वभाव के व्यक्ति थे। उन्होंने कभी किसी संदिग्ध व्यक्ति को अपने पास आते नहीं देखा था, न ही उन्होंने किसी से इस तरह बात की थी। उन्हें इस बात का जरा भी अंदाजा नहीं था कि जो डॉक्टर उनके अस्पताल में मरीजों को बेहतरीन इलाज मुहैया करा रहा है, उसका संबंध जैश-ए-मोहम्मद जैसे आतंकवादी संगठन से हो सकता है। Saharanpur News

