बहराइच : पेशाब कांड में पुलिस ने 3 अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी सोशल मीडिया पर हिंदू नामों से फर्जी प्रोफाइल बनाकर हिंदू लड़कियों को फंसाते थे। इन्होंने अपना नेटवर्क गाँव से लेकर शहर तक फैला रखा था। मामले में पुलिस की कार्रवाई लगातार जारी है। शनिवार को एसपी ने चौकी प्रभारी समेत 5 पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया। अब तक इस घटना में 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
पुलिस ने कोतवाली देहात क्षेत्र के रायपुर राजा केडिया अस्पताल निवासी इस्माइल अंसारी (22) पुत्र इब्राहिम अंसारी, कोतवाली नगर क्षेत्र के चिक्कीपुरा छोटी तकिया निवासी आफताब वारिस (20) पुत्र मोहम्मद इरफान और इसी थाना क्षेत्र के कानूनगोपुरा निवासी जम्मन अंसारी (22) पुत्र गुलाम मोहम्मद को गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी रविवार रात हुई।
पेशाब कांड के पीड़ितों ने इन आरोपियों के इंस्टाग्राम प्रोफाइल का स्क्रीनशॉट भी पुलिस को सौंपा है। इसके मुताबिक, आरोपी हिंदू नामों से सोशल मीडिया पर अपनी प्रोफाइल बनाते थे। प्रोफाइल पर RSS का सदस्य भी लिखते थे। इस मामले में RSS की ओर से अफसरों को कार्रवाई के लिए पत्र भी लिखा गया है। एसपी ग्रामीण डीपी तिवारी ने बताया कि 6 लोगों को जेल भेज दिया गया है। मामले की जांच जारी है। इस मामले में पुलिस ने शहाबुद्दीन, अनस और जीशान को पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। पुलिस जीशान को मेडिकल जांच के लिए अस्पताल ले गई थी। यहां से जीशान पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया। हालांकि, बाद में उसे पकड़ लिया गया।
लापरवाही पर एसपी रामनयन सिंह ने शनिवार को गंभीरवा चौकी प्रभारी प्रवीण कुमार कनौजिया, हेड कांस्टेबल रामकरन, हेड कांस्टेबल राजवीर, कांस्टेबल भरत यादव, कांस्टेबल सौरभ को निलंबित कर दिया।
शहाबुद्दीन अनस और जीशान की गिरफ्तारी के बाद पुलिस को पूछताछ में तीन अन्य आरोपियों के बारे में पता चला। इसके बाद पुलिस ने इस्माइल, आफताब और ज़मान को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने उनसे गहन पूछताछ भी की है। माना जा रहा है कि कई अन्य आरोपियों की भी गिरफ्तारी होगी।
पीड़ितों के अनुसार, यह एक लंबा नेटवर्क है। अभी कुछ ही लोगों की गिरफ्तारी हुई है। कई अन्य के नाम अभी उजागर होने बाकी हैं। 23 जुलाई को रामगांव थाना क्षेत्र के खालेबाग मिर्जापुर निवासी शिवम उर्फ चंदन और मोहित ने आरोप लगाया था कि पड़ोसी गांव बौखा निवासी शहाबुद्दीन, अनस और जीशान कई अन्य मुस्लिम युवकों के साथ मिलकर हिंदू नाम से सोशल मीडिया पर फर्जी प्रोफाइल बनाकर गांव की लड़कियों से बात करते हैं। जब उन्होंने इसका विरोध किया, तो गुंडों ने उन्हें कार में अगवा कर लिया और बुरी तरह पीटा। उनके कपड़े उतारकर उनका वीडियो भी बनाया। उन्हें पेशाब भी पिलाया। इस्लाम जिंदाबाद के नारे भी लगाए। Bahraich News